लॉस एंजिल्स में हाल ही में अवैध आप्रवासन के खिलाफ की गई कार्रवाइयों (ICE raids) के विरोध में प्रदर्शन हिंसक हो गए, जिसके चलते राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने 2,000 नेशनल गार्ड सैनिकों की तैनाती का आदेश दिया। यह तैनाती 6 जून 2025 से शुरू हुई अशांति के जवाब में की गई, जो पैरामाउंट और डाउनटाउन लॉस एंजिल्स में भड़की। प्रदर्शनकारियों ने गाड़ियों में आग लगाई, पत्थर और कंक्रीट के टुकड़े फेंके, और पुलिस पर हमले किए। इसके जवाब में सुरक्षा बलों ने आंसू गैस, रबर बुलेट्स, और फ्लैश-बैंग ग्रेनेड का इस्तेमाल किया।

लॉस एंजिल्स हिंसक प्रदर्शनों के प्रमुख बिंदु
लॉस एंजिल्स में अवैध आप्रवासन के खिलाफ की गई ICE छापेमारी के विरोध में 6 जून 2025 से शुरू हुए हिंसक प्रदर्शनों के बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने 2,000 नेशनल गार्ड सैनिकों की तैनाती का आदेश दिया। यह तैनाती पैरामाउंट और डाउनटाउन लॉस एंजिल्स में भड़की झड़पों के जवाब में की गई, जहां प्रदर्शनकारियों ने गाड़ियों में आग लगाई, पत्थर फेंके, और पुलिस पर हमले किए। सुरक्षा बलों ने आंसू गैस और रबर बुलेट्स का इस्तेमाल किया। ट्रम्प ने कैलिफोर्निया के गवर्नर गेविन न्यूसम की सहमति के बिना नेशनल गार्ड को संघीय नियंत्रण में लिया, जो 1965 के बाद पहली ऐसी घटना है। न्यूसम ने इसे “गैरकानूनी” करार देकर मुकदमे की धमकी दी, जबकि मेयर करेन बास ने तैनाती को अनावश्यक बताया। प्रदर्शनकारी ICE को हटाने और आप्रवासियों के साथ मानवीय व्यवहार की मांग कर रहे हैं। हिंसा में स्वचालित वाहनों और सरकारी संपत्तियों को नुकसान पहुंचा। रविवार तक 300 सैनिक तैनात किए गए, और डाउनटाउन को गैरकानूनी सभा घोषित किया गया। ट्रम्प ने टाइटल 10 का हवाला देकर तैनाती को उचित ठहराया, लेकिन डेमोक्रेट्स ने इसे तनाव बढ़ाने की रणनीति बताया। स्थिति तनावपूर्ण है, और और प्रदर्शन की आशंका बनी हुई है।

- कानूनी और राजनीतिक विवाद: ट्रम्प ने तैनाती के लिए टाइटल 10 (U.S. Code) का हवाला दिया, जो राष्ट्रपति को “विद्रोह” की स्थिति में नेशनल गार्ड को संघीय नियंत्रण में लेने की अनुमति देता है। हालांकि, न्यूसम और अन्य ने इसे अधिकार का दुरुपयोग बताया।
- प्रदर्शनकारियों की मांग: प्रदर्शनकारी, जिनमें कई मेक्सिकन झंडे लिए हुए थे, ICE को लॉस एंजिल्स से हटाने और आप्रवासियों के साथ मानवीय व्यवहार की मांग कर रहे थे।
- वर्तमान स्थिति: रविवार शाम तक डाउनटाउन लॉस एंजिल्स को गैरकानूनी सभा घोषित किया गया, और गिरफ्तारियां जारी थीं। स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है, लेकिन शहर के अधिकांश हिस्से सामान्य रूप से काम कर रहे हैं।
लॉस एंजिल्स में स्थानीय नेताओं की प्रतिक्रिया
लॉस एंजिल्स में नेशनल गार्ड की तैनाती और ICE छापेमारी के खिलाफ हिंसक प्रदर्शनों के बाद स्थानीय नेताओं ने तीखी प्रतिक्रिया दी। कैलिफोर्निया के गवर्नर गेविन न्यूसम ने तैनाती को “गैरकानूनी” और “जानबूझकर भड़काऊ” करार देते हुए इसे राज्य की संप्रभुता का उल्लंघन बताया। उन्होंने ट्रम्प प्रशासन के खिलाफ मुकदमा दायर करने की धमकी दी और शांतिपूर्ण प्रदर्शन की अपील की। लॉस एंजिल्स की मेयर करेन बास ने नेशनल गार्ड की तैनाती को अनावश्यक ठहराया, यह कहते हुए कि स्थानीय पुलिस (LAPD) स्थिति को संभालने में सक्षम थी। डेमोक्रेटिक नेता मैक्सिन वाटर्स ने इसे ट्रम्प की तनाव बढ़ाने की रणनीति करार दिया, इसे राजनीतिक लाभ के लिए इस्तेमाल होने वाला कदम बताया। स्थानीय नेताओं ने ICE की कार्रवाइयों की भी आलोचना की और आप्रवासियों के साथ मानवीय व्यवहार की मांग की। उनकी प्रतिक्रियाएं ट्रम्प प्रशासन के साथ गहरे राजनीतिक मतभेदों को उजागर करती हैं।

लॉस एंजिल्स में हिंसक घटनाएं
लॉस एंजिल्स में 6 जून 2025 से शुरू हुए ICE छापेमारी के विरोध में प्रदर्शन हिंसक रूप ले चुके हैं। पैरामाउंट में प्रदर्शनकारियों ने ICE वाहनों पर पत्थर और सीमेंट के टुकड़े फेंके और एक कार में आग लगा दी। डाउनटाउन लॉस एंजिल्स में मेट्रोपॉलिटन डिटेंशन सेंटर के बाहर प्रदर्शनकारियों ने 101 फ्रीवे को अवरुद्ध कर दिया, जिसके बाद पुलिस ने इसे गैरकानूनी सभा घोषित किया। कुछ प्रदर्शनकारियों ने स्वचालित वाहनों (Waymo) में आग लगाई और सरकारी इमारतों पर “Fuck ICE” और “Kill all cops” जैसे भड़काऊ नारे लिखे। पुलिस पर हमलों के जवाब में सुरक्षा बलों ने आंसू गैस, रबर बुलेट्स, और फ्लैश-बैंग ग्रेनेड का इस्तेमाल किया। इन हिंसक घटनाओं ने शहर में तनाव बढ़ा दिया, जिसके चलते नेशनल गार्ड की तैनाती की गई। स्थिति रविवार तक गंभीर बनी रही, और और प्रदर्शन की आशंका जताई जा रही है।