वेदांता ने FY26 के लिए ₹7 प्रति शेयर का पहला अंतरिम लाभांश घोषित किया, हिंदुस्तान जिंक में हिस्सेदारी बेचने की पुष्टि
वेदांता लिमिटेड ने वित्त वर्ष 2025–26 (FY26) की शानदार शुरुआत करते हुए अपने निवेशकों को बड़ी सौगात दी है। कंपनी ने ₹7 प्रति शेयर का पहला अंतरिम लाभांश घोषित किया है। साथ ही, हिंदुस्तान जिंक लिमिटेड (HZL) में अपनी 1.6% हिस्सेदारी बेचने की आधिकारिक पुष्टि की है। यह कदम वेदांता की पूंजी संरचना को मजबूत करने और डिमर्जर प्रक्रिया को सुचारु रूप से आगे बढ़ाने की दिशा में उठाया गया एक रणनीतिक निर्णय है।
वेदांता ने FY26 के लिए ₹7 प्रति शेयर का लाभांश: निवेशकों के लिए खुशखबरी
वेदांता लिमिटेड के निदेशक मंडल ने ₹1 के फेस वैल्यू वाले प्रत्येक शेयर पर ₹7 का अंतरिम लाभांश घोषित किया है। इससे कंपनी पर कुल लाभांश व्यय लगभग ₹2,737 करोड़ आएगा। यह लाभांश FY26 का पहला अंतरिम लाभांश है और यह दर्शाता है कि कंपनी अपने शेयरधारकों को नियमित रिटर्न देने की प्रतिबद्धता पर कायम है।
रिकॉर्ड डेट: वेदांता ने लाभांश के लिए 24 जून 2025 को रिकॉर्ड डेट तय की है। यानी जिन निवेशकों के पास इस तारीख को वेदांता के शेयर होंगे, वे लाभांश प्राप्त करने के पात्र होंगे।

वेदांता ने FY26 के लिए हिंदुस्तान जिंक में हिस्सेदारी बिक्री की पुष्टि
वेदांता ने एक और बड़ा फैसला लेते हुए अपनी अनुषंगी कंपनी हिंदुस्तान जिंक लिमिटेड में 1.6% हिस्सेदारी बेच दी है। यह हिस्सेदारी एक्सेलेरेटेड बुक बिल्डिंग प्रक्रिया के ज़रिए संस्थागत निवेशकों को बेची गई। इससे कंपनी को कुल ₹3,028 करोड़ की पूंजी प्राप्त हुई।
हिस्सेदारी बिक्री के पीछे मुख्य उद्देश्य:
- कंपनी की बैलेंस शीट को मज़बूत करना
- ऋण भार को कम करना
- डिमर्जर प्रक्रिया को तेज़ करना
- नकदी प्रवाह को बेहतर बनाना
यह कदम वेदांता के वित्तीय स्वास्थ्य को मजबूत बनाने की दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण निर्णय है।

डिमर्जर योजना: कंपनी के पुनर्गठन की दिशा में कदम
वेदांता पहले ही अपने कारोबार को छह स्वतंत्र संस्थाओं में विभाजित करने की योजना की घोषणा कर चुकी है। इस डिमर्जर का उद्देश्य कंपनी के विभिन्न व्यावसायिक खंडों—जैसे कि एल्यूमिनियम, तेल और गैस, ऊर्जा, आधारभूत धातुएं, और स्टील—को स्वतंत्र रूप से सूचीबद्ध करना है। इससे निवेशकों को हर सेक्टर में अलग-अलग निवेश का मौका मिलेगा और कंपनियों को अपने-अपने कारोबार में विशेषज्ञता विकसित करने का अवसर मिलेगा।
वेदांता ने FY26 के लिए शेयर बाजार की प्रतिक्रिया
हिस्सेदारी बिक्री की खबर सामने आते ही हिंदुस्तान जिंक के शेयरों में लगभग 6% की गिरावट देखी गई, जबकि वेदांता के शेयरों में हल्की तेजी दर्ज की गई। विश्लेषकों का मानना है कि यह निर्णय दीर्घकालीन रूप से वेदांता के लिए लाभदायक साबित होगा, क्योंकि इससे कंपनी के कर्ज में कमी आएगी और नकदी प्रवाह बेहतर होगा।
निवेशकों और शेयर बाजार में रुचि रखने वालों के लिए यह एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम है। वेदांता के यह निर्णय कंपनी की वित्तीय स्थिति, पारदर्शिता और भविष्य की रणनीति को दर्शाते हैं।
निष्कर्ष
वेदांता लिमिटेड ने FY26 की शुरुआत दो बड़े फैसलों से की है:
- ₹7 प्रति शेयर का पहला अंतरिम लाभांश
- हिंदुस्तान जिंक में 1.6% हिस्सेदारी की बिक्री
ये दोनों कदम दर्शाते हैं कि कंपनी निवेशकों को रिटर्न देने के साथ-साथ अपने कॉर्पोरेट ढांचे को और अधिक मज़बूत और पारदर्शी बनाने की दिशा में भी काम कर रही है।